3 से 6 वर्ष के बच्चे के लिए

एस्तेर 2

नन्हे और पूर्व-विद्यालय बच्चे (आयु 3-6) के लिए व्याख्या और बाइबल कहानी

बाइबल

एस्तेर की कहानी

व्याख्या

एक बड़ा महल था। बहुत बड़ा। उसमें एक राजा रहता था।

राजा को एक नई रानी चाहिए थी। तो उसके सेवक बहुत सी लड़कियों को महल में लाए।

उनमें से एक लड़की का नाम एस्तेर था। एस्तेर बहुत सुंदर थी। उसके माता-पिता नहीं थे। पर उसका एक चाचा भाई था, मोर्दकै। मोर्दकै ने एस्तेर को अपनी बेटी जैसे पाला। उससे बहुत प्यार किया।

मोर्दकै ने एस्तेर से कहा, "किसी को मत बताना कि तुम कौन हो।" एस्तेर ने वैसा ही किया। वह चुप रही।

महल में एस्तेर की देखभाल करने वाला एक आदमी था, हेगे। हेगे को एस्तेर बहुत अच्छी लगी। उसने एस्तेर को सबसे अच्छा खाना दिया। सबसे अच्छा कमरा दिया। सात सहेलियाँ भी दीं।

मोर्दकै हर दिन महल के पास जाता था। वह चलता था, और चलता था। वह देखना चाहता था, एस्तेर ठीक है क्या?

इसका क्या मतलब है?

फिर एक दिन एस्तेर राजा के पास गई। राजा ने एस्तेर को देखा। राजा को एस्तेर सबसे ज़्यादा पसंद आई।

राजा ने एस्तेर के सिर पर मुकुट रखा। एस्तेर अब रानी बन गई थी। पूरे महल में बड़ा भोज हुआ। सब लोग खुश थे।

पर मोर्दकै अब भी महल के फाटक पर बैठता था। वह अब भी एस्तेर का ध्यान रखता था।

सूत्र

एक दिन मोर्दकै ने कुछ सुना। दो आदमी राजा को नुकसान पहुँचाना चाहते थे। मोर्दकै ने तुरंत एस्तेर को बताया। एस्तेर ने राजा को बताया। राजा बच गया।

देखो, परमेश्वर ने एस्तेर को उस जगह रखा था। ठीक उस समय पर। कोई नहीं जानता था, पर परमेश्वर जानते थे। परमेश्वर हमेशा अपने लोगों की देखभाल करते हैं। भले ही कोई उनका नाम न ले।

तुम्हारे लिए

तुम्हें भी कोई बहुत प्यार करता है। परमेश्वर तुम्हें देखते हैं, जैसे मोर्दकै एस्तेर को देखता था। हर दिन।

क्या तुम भी किसी की मदद कर सकते हो, जैसे मोर्दकै ने की?

बातचीत करें

मोर्दकै हर दिन एस्तेर के पास क्यों जाता था?

तुम्हें कौन इतना प्यार करता है, जितना मोर्दकै एस्तेर को करता था?

साथ में प्रार्थना

प्रिय परमेश्वर, धन्यवाद कि आप मुझे भी देखते हैं। जैसे आपने एस्तेर को देखा। मुझे भी दूसरों से प्यार करना सिखाइए। आमीन।

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एस्तेर 2 के बारे में प्रश्न

पहली बार इसके बारे में पढ़ने वाले हर किसी के लिए छोटे उत्तर।

एस्तेर 2 किस विषय में है?
राजा को एक नई रानी चाहिए थी। तो उसके सेवक बहुत सी लड़कियों को महल में लाए।
एस्तेर 2 क्या कहता है?
महल में एस्तेर की देखभाल करने वाला एक आदमी था, हेगे। हेगे को एस्तेर बहुत अच्छी लगी। उसने एस्तेर को सबसे अच्छा खाना दिया। सबसे अच्छा कमरा दिया। सात सहेलियाँ भी दीं।
एस्तेर 2 हमें परमेश्वर के बारे में क्या सिखाता है?
राजा ने एस्तेर के सिर पर मुकुट रखा। एस्तेर अब रानी बन गई थी। पूरे महल में बड़ा भोज हुआ। सब लोग खुश थे।
नन्हे बच्चे एस्तेर 2 से क्या सीख सकते हैं?
देखो, परमेश्वर ने एस्तेर को उस जगह रखा था। ठीक उस समय पर। कोई नहीं जानता था, पर परमेश्वर जानते थे। परमेश्वर हमेशा अपने लोगों की देखभाल करते हैं। भले ही कोई उनका नाम न ले।
एस्तेर 2 एक महत्वपूर्ण बाइबल कहानी क्यों है?
प्रिय परमेश्वर, धन्यवाद कि आप मुझे भी देखते हैं। जैसे आपने एस्तेर को देखा। मुझे भी दूसरों से प्यार करना सिखाइए। आमीन।

दूसरों ने क्या पाया

अंतर्दृष्टि संपादकीय पर पद 12

बारह महीने की तैयारी, और राजा के सामने बस एक रात। छह महीने गन्धरस का तेल, छह महीने सुगन्धद्रव्य। सोचो, एस्तेर के वे लम्बे, ऊबाऊ दिन जिनमें कुछ होता दिखाई नहीं देता था। पर परमेश्वर उसी चुप्पी में एक जाति को बचाने की तैयारी कर रहा था। तेरे जीवन के जो महीने अभी व्यर्थ लगते हैं, शायद वही तेरी असली तैयारी हैं।

अंतर्दृष्टि संपादकीय पर पद 4

राजा की चिंता एक खोई हुई रानी की जगह भरने की थी। पूरे साम्राज्य से सुंदर कुँवारियाँ इकट्ठी की जा रही थीं, ताकि "जो कुँवारी राजा को अच्छी लगे, वह वशती के स्थान पर रानी बने।" यह बात राजा को अच्छी लगी।

पर सोचो, इन लड़कियों की मर्ज़ी कहाँ थी? उनके सपने, उनका घर, सब पीछे छूट गया। इंसान की योजनाएँ अक्सर दूसरों की ज़िंदगी को कुचल देती हैं। फिर भी इसी अंधेरे में परमेश्वर एस्तेर को रख रहा था, ताकि उसकी प्रजा बच सके। तेरी आज की परिस्थिति भी शायद उसकी छिपी हुई तैयारी हो।

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