3 से 6 वर्ष के बच्चे के लिए

2 पतरस 2

नन्हे और पूर्व-विद्यालय बच्चे (आयु 3-6) के लिए व्याख्या और बाइबल कहानी

बाइबल

The Explanation

बहुत समय पहले की बात है। धरती पर लोग रहते थे। पर वे लोग परमेश्वर की बात नहीं मानते थे। वे झूठ बोलते थे। वे बुरे काम करते थे।

एक आदमी था, उसका नाम नूह था। नूह भला था। नूह परमेश्वर से प्रेम करता था। परमेश्वर ने नूह को एक बड़ी नाव बनाने को कहा।

फिर बारिश हुई। बहुत बारिश हुई। और बारिश हुई। पानी ऊँचा, और ऊँचा चढ़ता गया। पर नूह नाव में था। सुरक्षित था। परमेश्वर ने उसे बचाया

What Does This Mean?

फिर एक और कहानी है। लूत नाम का एक आदमी था। लूत एक शहर में रहता था। वहाँ के लोग बहुत बुरे काम करते थे। लूत को यह देखकर दुःख होता था। हर दिन उसका मन रोता था।

पर परमेश्वर ने लूत को देखा। परमेश्वर जानते थे, लूत भला है। परमेश्वर ने लूत को उस शहर से बाहर निकाला। सुरक्षित निकाला। शहर में आग आई, धूँ उठा, सब जल गया। पर लूत बचा था।

परमेश्वर देखते हैं, कौन उनसे प्रेम करता है। वे उन्हें बचाते हैं।

The Common Thread

परमेश्वर ने नूह को बचाया। परमेश्वर ने लूत को बचाया। परमेश्वर हमेशा अपने लोगों को बचाना चाहते हैं।

आज भी परमेश्वर बचाते हैं। यीशु आए, ताकि हम भी बचें। यीशु हमें प्रेम करते हैं। जो यीशु से प्रेम करता है, परमेश्वर उसे थामते हैं। जैसे नाव में नूह सुरक्षित था, वैसे ही यीशु के पास हम सुरक्षित हैं।

For You

तुम भी परमेश्वर के प्यारे बच्चे हो। जब तुम्हारे आस पास बुरी बातें होती हैं, तो तुम्हें भी दुःख होता है, जैसे लूत को होता था। यह ठीक है। परमेश्वर तुम्हारा दुःख देखते हैं।

तुम परमेश्वर से बात कर सकते हो। तुम कह सकते हो, "परमेश्वर, मुझे भला बनाइए।" परमेश्वर सुनते हैं। परमेश्वर तुम्हें थामते हैं, जैसे उन्होंने नूह और लूत को थामा।

Talk About It

नूह नाव में क्यों सुरक्षित था?

लूत को बुरी बातें देखकर कैसा लगता था?

Praying Together

प्यारे परमेश्वर, आपने नूह को बचाया। आपने लूत को बचाया। मुझे भी थामे रहिए। मुझे भला बनने में मदद कीजिए। आमीन।

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2 पतरस 2 के बारे में प्रश्न

पहली बार इसके बारे में पढ़ने वाले हर किसी के लिए छोटे उत्तर।

2 पतरस 2 किस विषय में है?
बहुत समय पहले की बात है। धरती पर लोग रहते थे। पर वे लोग परमेश्वर की बात नहीं मानते थे। वे झूठ बोलते थे। वे बुरे काम करते थे।
2 पतरस 2 क्या कहता है?
फिर बारिश हुई। बहुत बारिश हुई। और बारिश हुई। पानी ऊँचा, और ऊँचा चढ़ता गया। पर नूह नाव में था। सुरक्षित था। परमेश्वर ने उसे बचाया।
2 पतरस 2 हमें परमेश्वर के बारे में क्या सिखाता है?
पर परमेश्वर ने लूत को देखा। परमेश्वर जानते थे, लूत भला है। परमेश्वर ने लूत को उस शहर से बाहर निकाला। सुरक्षित निकाला। शहर में आग आई, धूँ उठा, सब जल गया। पर लूत बचा था।
नन्हे बच्चे 2 पतरस 2 से क्या सीख सकते हैं?
परमेश्वर ने नूह को बचाया। परमेश्वर ने लूत को बचाया। परमेश्वर हमेशा अपने लोगों को बचाना चाहते हैं।
2 पतरस 2 एक महत्वपूर्ण बाइबल कहानी क्यों है?
तुम भी परमेश्वर के प्यारे बच्चे हो। जब तुम्हारे आस पास बुरी बातें होती हैं, तो तुम्हें भी दुःख होता है, जैसे लूत को होता था। यह ठीक है। परमेश्वर तुम्हारा दुःख देखते हैं।

दूसरों ने क्या पाया

अंतर्दृष्टि संपादकीय पर पद 2

झूठे शिक्षकों के बारे में पतरस जो सबसे भारी बात कहता है, वह यह नहीं कि वे गलत हैं, बल्कि यह कि उनके कारण "सत्य के मार्ग की निन्दा की जाएगी।" उनका पाप अकेला नहीं गिरता, वह मसीह के नाम पर दाग लगाता है। आज कोई तुम्हें देखकर यीशु के बारे में राय बना रहा है। तुम्हारा जीना उसके नाम को सुंदर बना रहा है या भारी?

थोड़े बड़े बच्चों के लिए कुछ ढूँढ रहे हैं?

हमारे पास प्राथमिक आयु (7-12) और किशोरों (12 और उससे ऊपर) के लिए भी विशेष संस्करण हैं।

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For parents and teachers: विशेष रूप से 3 से 6 वर्ष के बच्चों को ज़ोर से पढ़कर सुनाने के लिए लिखा गया। इसे अपने बच्चे के साथ बातचीत की शुरुआत के रूप में उपयोग करें, एकमात्र स्रोत के रूप में नहीं। This explanation is generated automatically by language models. While we strive for theological soundness, the software can make mistakes.

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